webdunia

Select Your Language

Notifications

webdunia
  1. समाचार
  2. विधानसभा चुनाव 2018
  3. मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव 2018
  4. Raghunandan Sharma opposed BJP

सीएम शिवराज के करीबी रहे नेता ने भाजपा के खिलाफ खोला मोर्चा, 20 को मुख्यमंत्री निवास के घेराव का किया ऐलान

Raghunandan Sharma
भोपाल। एट्रोसिटी एक्ट के विरोध में पहले से ही मुश्किल में पड़ी भाजपा के खिलाफ अब उसके अपने ही मैदान  में उतर आए हैं। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के करीबी और सिवनी मालवा के दिग्गज नेता रघुनंदन शर्मा ने एक्ट के विरोध में भाजपा का साथ छोड़ काला कानून विरोधी मोर्चा का गठन किया है।
 
वेबदुनिया से बातचीत में मोर्चा के संयोजक और पूर्व भाजपा नेता रघुनंदन शर्मा ने कहा, वोट बैंक की राजनीति के लिए भाजपा ने सवर्णों के साथ धोखा किया, जिससे नाराज होकर उन्होंने पार्टी छोड़ दी।
 
इसके साथ ही शर्मा ने इस कानून को तुरंत वापस लेने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री से विधानसभा या विशेष सत्र बुलाकर केंद्र सरकार को एक प्रस्ताव भेजने की मांग की है। शर्मा की मांग है कि सुप्रीम कोर्ट ने जिस तरह के कानून को लागू करने का कहा था, उसी के अनुरूप कानून लागू किया जाना चाहिए। इसके साथ ही रघुनंदन शर्मा ने कहा कि मोर्चा चुनाव में सभी राजनीतिक पार्टियों का विरोध करेगा।
 
मोर्चा ने एट्रोसिटी एक्ट का विरोध करते हुए सवर्णों से अपील की है कि वो अपने-अपने घर पर काले झंडे लगाकर इस काले कानून का विरोध करें। इसके साथ ही रघुनंदन शर्मा ने चुनाव में भाजपा उम्मीदवारों को हराने के लिए सवर्णों से एकजुट होने की अपील भी की है, वहीं काला कानून विरोधी मोर्चा प्रदेशभर में आरक्षण का विरोध करेगा। इसके साथ ही मोर्चा पूरे प्रदेश में आंदोलन करेगा। शर्मा ने कहा कि एट्रोसिटी एक्ट सवर्ण विरोधी और भारत के इतिहास में काला कानून है।
 
रघुनंदन शर्मा ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि जल्द ही इस कानून में दोबारा बदलाव किया जाए, ताकि लोग इस कानून से बचें, नहीं तो कई लोग इस कानून के सहारे बेकसूरों को फंसा देंगे। वहीं मोर्चा ने 20 सितंबर को मुख्यमंत्री निवास के घेराव का ऐेलान कर दिया है।
 
सपाक्स के बाद नया नया मोर्चा : एससी-एसटी एक्ट को लेकर पहले से ही सपाक्‍स ने भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है, वहीं अब भाजपा के सवर्ण नेता पार्टी के विरोध में आ गए हैं। काला कानून विरोधी मोर्चा बनाने वाले रघुनंदन शर्मा मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के करीबी और पार्टी के निष्ठावान कार्यकर्ता माने जाते थे। 
इसके साथ ही मोर्चे में बड़ी संख्या में भाजपा से इस्तीफा देकर सवर्ण नेता शामिल हुए हैं। इनमें भाजपा मंडल उपाध्यक्ष कोमल मीणा, मुख्यमंत्री के गृह जिले से भाजपा नेता राकेश चौहान शामिल हैं। इसके साथ ही मोर्चा के समर्थन में पूर्व नगर पालिका उपाध्यक्ष (सिवनी मालवा) प्रवीण अवस्थी, भाजयुमो सीहोर कोषाध्यक्ष राकेश चौहान, शिवनारायण शर्मा ब्यावरा, रवीन्द्र जैन नरसिंहगढ़ सहित करीब एक दर्जन भाजपा पदाधिकारियों ने इस्तीफा देकर काला कानून विरोधी मोर्चा को समर्थन देने की घोषणा की।
 
अखिल भारतीय बाह्मण महासभा, प्रगतिशील ब्राह्मण संगठन, सर्व ब्रह्मण युवा समिति, करणी सेना, अखिल  भारतीय क्षत्रिय महासभा सहित सवर्ण समाज के कई संगठनों ने मोर्चा को अपना समर्थन दिया है। 
ये भी पढ़ें
भारत के पास एनएसजी का सदस्य बनने की सभी योग्यताएं : अमेरिका